गड़चिरोली, ता.२३: गड़चिरोली जिले के भामरागढ़ तहसील और छत्तीसगढ़ राज्य के सीमावर्ती क्षेत्र के जंगलों में पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में आज चार कट्टर नक्सली मारे गए। इनमें दो पुरुष और दो महिलाएं शामिल हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार ये नक्सली उपकमान्डर स्तर के थे।
दो महीने पहले ही भामरागढ़ तहसील और छत्तीसगढ़ सीमा के कवंडे गांव में गड़चिरोली पुलिस ने एक पुलिस सहायता केंद्र स्थापित किया था। जब इस क्षेत्र में नक्सलियों के होने की खबर मिली, तो अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के नेतृत्व में सी-६० दस्ते के ३०० जवान और केंद्रीय रिजर्व बल की एक टुकड़ी गुरुवार दोपहर कवंडे और नेलगुंडा से इंद्रावती नदी क्षेत्र की ओर रवाना की गई।
आज सुबह नक्सलियों ने पुलिस पर गोलीबारी की। पुलिस ने भी जोरदार जवाब दिया। लगभग दो घंटे तक गोलीबारी चली। इसके बाद घटनास्थल का निरीक्षण करने पर चार नक्सलियों के शव मिले। इनमें दो महिलाएं और दो पुरुष शामिल हैं। इसके अलावा एक स्वचालित राइफल, एक 303 राइफल, एक भरमार बंदूक, वॉकी-टॉकी और अन्य सामग्री पुलिस के हाथ लगी है। पुलिस अधीक्षक नीलोत्पल ने बताया कि मृतकों में से कुछ नक्सली उपकमांडर दर्जे के होने की जानकारी है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जल्द ही मृत नक्सलियों की पहचान कर ली जाएगी।
२१ मई को छत्तीसगढ़ पुलिस ने माओवादीयों का देश का सर्वोच्च नेता नंबाला केशव राव उर्फ गगन्ना सहित २७ नक्सलियों को मार गिराया था। इसके बाद घबराए नक्सलियों ने सुरक्षित स्थान पर शरण लेने की कोशिशें शुरू की थीं। इसी क्रम में ये नक्सली कवंडे क्षेत्र में आए। लेकिन गड़चिरोली पुलिस ने उनका सफाया कर दिया।
भरपूर बारिश में चलाया अभियान
पिछले तीन दिनों से कवंडे और छत्तीसगढ़ की सीमावर्ती क्षेत्रों में भारी बारिश हो रही है। ऐसी भारी बारिश में गड़चिरोली पुलिस ने नक्सल विरोधी अभियान चलाकर बड़ी कामयाबी हासिल की। इससे नक्सलियों के घातक योजनाएं नाकाम हो गईं।




